महाराणा प्रताप महिला महाविद्यालय में प्रबंधक समिति के प्रधान डॉ. गिरधारी लाल गर्ग एवं प्राचार्या डॉ. वनिता गुप्ता के कुशल मार्गदर्शन में “AI: The Future of 21st Century” विषय पर एक ज्ञानवर्धक लेक्चर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत वक्ता डॉ. सुमन पाहूजा ने की। उन्होंने पीपीटी (PPT) के माध्यम से एआई (Artificial Intelligence) के अर्थ को स्पष्ट करते हुए बताया कि यह मानव निर्मित एक ऐसी तकनीक है जो मशीनों को इंसानों की तरह सोचने, सीखने और निर्णय लेने की क्षमता प्रदान करती है। उन्होंने सरल शब्दों में समझाया कि एआई सॉफ्टवेयर की वह खूबी है जो बिना मैनुअल प्रोग्रामिंग के अनुभवों से सीखकर समस्याओं का समाधान कर सकती है।इसके पश्चात डॉ. सुमन देवी ने छात्राओं को दैनिक जीवन और शिक्षा में उपयोगी विभिन्न एआई टूल्स के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कानवा, किल्बोट, नोसन ए.आई. और दुलिनगो जैसे प्लेटफॉर्म्स का डेमो देते हुए बताया कि कैसे ये टूल्स विद्यार्थियों के लेखन, भाषा सीखने और कार्यों को व्यवस्थित करने में सहायक सिद्ध हो सकते हैं। प्रबंधक समिति के प्रधान डॉ. गिरधारी लाल गर्ग ने छात्राओं को संबोधित करते हुए एआई की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आज के युग में एआई एक आवश्यकता बनती जा रही है और छात्राओं को अपनी कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए इन आधुनिक तकनीकों का उपयोग अवश्य करना चाहिए। तकनीकी ज्ञान के साथ-साथ उन्होंने छात्राओं के सर्वांगीण विकास पर जोर देते हुए स्वस्थ आहार लेने, शारीरिक गतिविधियों, खेलकूद और योग को जीवन का हिस्सा बनाने की प्रेरणा दी ताकि वे शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ रह सकें। सामाजिक जिम्मेदारी पर जोर देते हुए डॉ. गर्ग ने नशे के दुष्प्रभावों के प्रति छात्राओं को सचेत किया। उन्होंने आह्वान किया कि यदि किसी को नशे के व्यापार या सेवन की सूचना मिले, तो तुरंत कॉलेज प्रशासन को सूचित करें ताकि प्रभावित व्यक्ति का उचित उपचार करवाया जा सके। प्राचार्या डॉ. वनिता गुप्ता ने भी छात्राओं को एआई तकनीक को सकारात्मक रूप से अपनाने और भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार रहने के लिए प्रोत्साहित किया। इस अवसर पर महाविद्यालय का समस्त स्टाफ और भारी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।

