पोषण विशेषज्ञ डा. रचना अग्रवाल ने दिया व्याख्यान

सिरसा: 6 सितंबर:
संयमित जीवन शैली, पौष्टिक संतुलित आहार, नियमित कसरत, सुबह शाम की सैर व पूर्णतः सही चुनिंदा योगासन्न से शरीर को चुस्त दरुस्त एवं स्वस्थ रखा जा सकता है। शरीर में पोषक तत्वों की कमी होने से विभिन्न प्रकार की समस्याएं उत्पन्न होती हैं और हीमोग्लोबिन में कमी आना उन्हीं में से एक है। यह विचार राजकीय नैशनल महाविद्यालय, सिरसा में पोषण माह के उपलक्ष्य में महिला सशक्तिकरण प्रकोष्ठ व एनएसएस के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में मैट्रो हैल्थ केयर, सिरसा की पोषण विशेषज्ञ डा. रचना अग्रवाल ने मुख्य वक्ता के तौर पर अपने संबोधन में व्यक्त किए। उन्होंने अनीमिया से मुक्त रहने के उपाय सुझाते हुए कहा कि बाजरा, रागी, जवार, खज़ूर, हरी सब्जियां, फल, सूखे मेवे, गुड़, चना, पालक इत्यादि का सेवन कर कुपोषित होने से बचा जा सकता है। डा. रचना अग्रवाल ने छात्राओं द्वारा पूछे गए प्रश्नों का सटीक एवं स्पष्ट उत्तर देकर उनकी जिज्ञासा की भी आपूर्ति की। महाविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी डा. हरविंदर सिंह ने यह जानकारी देते हुए बताया कि महिला सशक्तिकरण प्रकोष्ठ प्रभारी डा. मीत व एनएसएस प्रभारी डा. जीत राम शर्मा के संयुक्त संयोजन में आयोजित इस एचबी जांच शिविर एवं पोषण आहार संबंधी व्याख्यान कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य डा. संदीप गोयल ने की। इस अवसर पर गर्ग पैथ लैब के सौजन्य से एचबी जांच शिविर का आयोजन भी किया गया जिसमें लगभग दो सौ छात्राओं ने अपने एचबी एवं खून की जांच करवाई। गर्ग पैथ लैब की ओर से डा. दीप और गगन बजाज ने अपनी विशेष उपस्थिति दर्ज़ करवाई।

कार्यक्रम के दौरान अपने अध्यक्षीय संबोधन में डा. संदीप गोयल ने कहा कि पौष्टिक आहार व संयमित जीवन शैली को अपनाकर बहुत सी बिमारियों से बचा जा सकता है। उन्होंने डा. रचना अग्रवाल व गर्ग पैथ लैब की टीम के प्रति विशेष आभार व्यक्त करते हुए इस अति उपयोगी एवं महत्त्वपूर्ण आयोजन के लिए आयोजकों के प्रति भी साधुवाद व्यक्त किया। कार्यक्रम के समापन अवसर पर डा. संदीप गोयल एवं आयोजकों की ओर से डा. रचना अग्रवाल व गर्ग पैथ लैब की टीम को स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन डा. मीत ने किया। इस कार्यक्रम में महाविद्यालय की तीन सौ से अधिक छात्राओं ने अपनी सहभागिता दर्ज़ करवाई।

कार्यक्रम को सफल बनाने में डा. मीत, डा. जीत राम शर्मा, डा. हरविंदर कौर, डा. कर्मजीत कौर, प्रो. गीता, डा. सरोज बाला, डा. मिनाक्षी, डा. शोभा, डा. मंजू कंबोज एवं रमेश सोनी ने सक्रिय भूमिका का निर्वहन किया। इस अवसर पर डा. बलदेव सिंह, डा. अनीता मड़िया, डा. सविता, डा. पूनम सेतिया, डा. मनदीप कौर, कर्मवीर कौशिक इत्यादि भी उपस्थित रहे।


