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काव्य कुंज…कविता की बात

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इन दिनों|
इन दिनों
रास्ते कहीं नहीं जाते
बाग बगीचों से
बच्चों की खिलखिलाहटें
गायब हैं
सड़कों और पार्कों में
खड़े बुत
बतिया रहे हैं
पंछियों के संग
बीते ज़माने की बातें
तेजी से फैलती
मौत की खबर से
उनके पथरीले माथे पर
उभर आई हैं
चिंता की रेखाएं
सड़कों पर पसरा मौन
उन्हें बता रहा है
कि मनुष्य के पास
नहीं बचा है अब
एक भी उपाय
मौत को स्थगित करने का

आरती

—————————————-
वही किस्सा पुराना | 
ग़ज़ल (देविन्द्र बीबीपुरिया)

वही किस्सा पुराना चल रहा है
खफा होना मनाना चल रहा है

मैं तेरे पीछे-पीछे चल रहा हूँ
मेरे पीछे ज़माना चल रहा है

तेरी यादों के इंधन के सहारे
ये दिल का कारखाना चल रहा है

तेरी फिर से वही नाकाम कोशिश
मुझे फिर से भुलाना चल रहा है

नहीं मेरा तू, माना है अकल ने
मगर दिल में बहाना चल रहा है

वो चोरी छोड़ दी है या बताओ,
वही दिल को चुराना चल रहा है।

ये दिल, दिमाग, धड़कन रुक गए सब
मगर तेरा दीवाना चल रहा है

तू जब से हो गया है दूर मुझसे
नयी ग़ज़लों का आना चल रहा है

देविन्द्र बीबीपुरिया (9467039382)

——————————————
ਤੇਰੀ ਤਿਸ਼ਨਗੀ | 
ਤੇਰੀ ਤਿਸ਼ਨਗੀ ਤੋਂ ਵੱਧ ਕੀ ਹੈ?
ਸਾਡੇ ਭਾ ਦਾ ਰੱਬ ਕੀ ਹੈ?

ਮੇਰੇ ਮਹਿਰਮ ਪੁੱਛਾਂ ਤੈਨੂੰ,
ਇਸ਼ਕ ਕੀ ਹੈ ਤੇ ਅੱਗ ਕੀ ਹੈ

ਮੈਂ ਤਾਂ ਆਇਆ ਤੇਰੀ ਖਾਤਿਰ,
ਤੂੰਹੀਓਂ ਪੁੱਛਦੈਂ ਸਬੱਬ ਕੀ ਹੈ?

ਤੇਰੀ ਸੂਰਤ ਦੇ ਸਾਹਵੇਂ ਫਿਰ,
ਇਹ ਨਜ਼ਾਰੇ ਇਹ ਜੱਗ ਕੀ ਹੈ?

ਘੁੰਮੇ ਤੇਰੇ ਹੀ ਚੌਗਿਰਦੇ,
ਮੇਰੇ ਖਿਆਲਾਂ ਦਾ ਵੱਗ ਕੀ ਹੈ?

                  -ਵੰਦਨਾ

—————————-
ਪੈਰ ਫ਼ਕੀਰ | 

ਕਿਹੜੇ ਦਰ ਜਾਣ
ਉਪਾਸਕ ਤੇਰੇ
ਮੱਕੇ,ਮਦੀਨੇ
ਮੱਠ,ਮਸੀਤਾਂ
ਅੰਦਰੇ ਹੋ ਗਏ
ਤੁਝ ਕਾਫ਼ਰ ਵਿੱਚੋਂ
ਕਾਫ਼ਰ ਨੈਣਾਂ ਨੂੰ
ਖੌਰੇ ਕੀ ਦਿੱਸਿਆ
ਇੰਨਾਂ ਝੁਕੇ
ਕਿ ਸਜਦੇ ਹੋ ਗਏ
ਰਗਾਂ ਦਾ ਲਹੂ
ਹੰਝੂ ਹੋਇਆ
ਕੰਬਲੀ ਓਢ੍ਹ ਕੇ
ਇਕ ਤਾਰਾ
ਫੜ ਕੇ ਨੱਚਣ
ਸ਼ਿਖ਼ਰ ਦੁਪਹਿਰੇ
ਪੈਰ ਫ਼ਕੀਰ ਹੋ ਗਏ! (ਇਹ ਸਦੀ ਵੀ ਤੇਰੇ ਨਾਉਂ)

CHHINDER KAUR(shirsa)

16 Comments

  1. अंजलि सिफ़र

    May 16, 2020 at 6:46 am

    बहुत ख़ूब देवेंद्र जी

    Reply

  2. अंजलि सिफ़र

    May 16, 2020 at 6:46 am

    बहुत ख़ूब देवेंद्र जी

    Reply

  3. TO THE POINT SHAAD

    May 16, 2020 at 2:03 pm

    शुक्रिया

    Reply

  4. TO THE POINT SHAAD

    May 16, 2020 at 2:03 pm

    शुक्रिया

    Reply

  5. अनीता टक्कर

    May 16, 2020 at 4:33 pm

    बहुत खूब।

    Reply

  6. अनीता टक्कर

    May 16, 2020 at 4:33 pm

    बहुत खूब।

    Reply

  7. Unknown

    May 16, 2020 at 4:33 pm

    Vadiya davinder sir g

    Reply

  8. Unknown

    May 16, 2020 at 4:33 pm

    Vadiya davinder sir g

    Reply

  9. अनीता टक्कर

    May 16, 2020 at 4:34 pm

    बहुत खूब।

    Reply

  10. अनीता टक्कर

    May 16, 2020 at 4:34 pm

    बहुत खूब।

    Reply

  11. TO THE POINT SHAAD

    May 16, 2020 at 5:10 pm

    शुक्रिया

    Reply

  12. TO THE POINT SHAAD

    May 16, 2020 at 5:10 pm

    शुक्रिया

    Reply

  13. TO THE POINT SHAAD

    May 16, 2020 at 5:11 pm

    शक्रिय

    Reply

  14. TO THE POINT SHAAD

    May 16, 2020 at 5:11 pm

    शक्रिय

    Reply

  15. The Viking125

    May 17, 2020 at 8:15 am

    great poetry!

    Reply

  16. The Viking125

    May 17, 2020 at 8:15 am

    great poetry!

    Reply

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