स्वतन्त्रता दिवस के अवसर पर हमें देश के नव-निर्माण हेतु अपनी बनती भूमिका के निर्वहन हेतु केवल संकल्प ही नहीं लेना होगा बल्कि इस संकल्प के क्रियान्वन हेतु भी दृढ़ संकल्पित होना होगा:-डा. संदीप गोयल

जीएनसी सिरसा में हुआ स्वतन्त्रता दिवस के अवसर पर आयोजन
सिरसा: 15 अगस्त:
स्वतन्त्रता संग्राम के दौरान हमारे जाने-अनजाने अनगिनत क्रांतिवीरों ने जिस समतापरक समाज के निर्माण के लिए अपनी क़ुर्बानी दी उसे उनके द्वारा प्रशस्त मार्ग पर चलते हुए दृढ संकल्प से ही संभव बनाया जा सकता है। स्वतन्त्रता दिवस के अवसर पर हमें देश के नव-निर्माण हेतु अपनी बनती भूमिका के निर्वहन हेतु केवल संकल्प ही नहीं लेना होगा बल्कि इस संकल्प के क्रियान्वन हेतु भी दृढ़ संकल्पित होना होगा। यह विचार राजकीय नैशनल महाविद्यालय, सिरसा में देश के 78वें स्वतन्त्रता दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित समारोह में ध्वजारोहण उपरान्त अपने संबोधन में प्राचार्य डा. संदीप गोयल ने व्यक्त किए।

डा. संदीप गोयल ने शिक्षकगण का आह्वान करते हुए कहा कि अपने व्यक्तिगत हितों से ऊपर उठकर देश हित में सही सूचनाएं विद्यार्थियों व समाज तक पहुंचाना हमारा दायित्व है। उन्होंने स्वतन्त्रता संग्राम के सभी जाने-अनजाने क्रांतिवीरों को नमन करते हुए उपस्थितजन को स्वतन्त्रता दिवस की मुबारकबाद प्रदान की। इस अवसर पर डा. कृष्ण गोपाल व डा. हरविंदर सिंह ने भी स्वतन्त्रता दिवस के उपलक्ष्य में अपने विचार व्यक्त किए। महाविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी डा. हरविंदर सिंह ने यह जानकारी देते हुए बताया कि स्वतन्त्रता दिवस समारोह के दौरान डा. विक्रम बंसल, डा. स्मृति कंबोज, हार्दिक एवं अमृत ने देशभक्ति से ओतप्रोत गायन एवं वादन की ख़ूबसूरत व भावपूर्ण शानदार प्रस्तुतियां दीं। समारोह का समापन तबलावादक कर्मवीर कौशिक के सान्निध्य में राष्ट्र गान के गायन से हुआ। इस अवसर पर महाविद्यालय के शिक्षक व गैर शिक्षक स्टाफ़ सदस्यों ने अपनी सक्रिय उपस्थिति दर्ज़ करवाई।

